किरण और दर्जी की प्रेम खुदाई
किरण और दर्जी की प्रेम खुदाई—>शाम की धुंधलकी रोशनी समीर की छोटी सी दुकान के पुराने लकड़ी के दरवाजों से छनकर अंदर आ रही थी, जहाँ कपड़ों के थान और धागों की रीलें एक अनकही कहानी बुन रही थीं। किरण जब पहली बार उस दुकान में दाखिल हुई, तो उसकी पायलों की झंकार ने कमरे … Read more